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महिदपुर पुलिस को नहीं नवागत पुलिस अधीक्षक  का कोई खौफ



उप निरीक्षक रावत अभी भी बना हुआ है वसूली पटेल?



महिदपुर (निप्र) जिला पुलिस अधीक्षक सचिन अतुलकर के स्थानांतरण के बाद हाल ही में पदस्थ नवागत पुलिस अधीक्षक मनोज सिंह के ज्वाइन होने के बाद भी पुलिस थाना महिदपुर के उप निरीक्षक राहुल रावत वसूली पटेल बना हुआ है कहने को महिदपुर पुलिस थाने पर तत्कालीन टीआई संजय वर्मा के लाइन अटैच के बाद राघवी थाना प्रभारी शंकर सिंह चौहान ने महिदपुर पुलिस थाना  के टीआई का पदभार भले ही ग्रहण किया है किंतु यह अस्थाई रूप से होने से समस्त पुलिस थाने की जिम्मेदारी उप निरीक्षक राहुल रावत अपनी मनमानी करते हुए झूठे सच्चे मुकदमे दर्ज कर हर पल पुलिस रिपोर्ट के नाम पर लोगों से अवैध वसूली में लिप्त हैं
    पिछले दिनों  रंग पंचमी के दौरान हुए दंगों मैं इसने तत्कालीन टीआई संजय वर्मा के नाम पर खूब चौथ वसूली की आज भी है दंगों के प्रकरण में निरपरा दियो को दंगे के आरोपी बताकर बिना टीआई चौहान की गैर मौजूदगी में पकड़कर उनसे चौथ वसूली करने में लिप्त हैं
वर्तमान में पूरा देश करोना की महामारी से जूझ रहा है महिदपुर में भी करोना पॉजिटिव की संख्या बढ़ रही है किंतु राहुल रावत जैसे उप निरीक्षक राहुल रावत इस संकट की घड़ी में भी अवैध वसूली करने वह अपने अधीनस्थों से करवाने मैं कोई मौका नहीं छोड़ना चाहते हैं
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री उज्जैन जिला कलेक्टर एवं जिला पुलिस अधीक्षक महोदय द्वारा भले ही पत्रकारों को उनकी संस्था के द्वारा बनाए गए परिचय पत्र को ही कर्फ्यू पास होने की घोषणा की है किंतु नाजायज रूप से उप निरीक्षक अपने द्वारा  फील्ड में तैनात  पुलिसकर्मियों के माध्यम से कोरोना कर्फ्यू लोकडाउं की आड़ में ग्रामीण क्षेत्र से एवं शहरी नागरिकों को डंडे पड़वा कर उन्हें पुलिस थाने पर बुलवा उनसे हजारों रुपए की अवैध वसूली उप निरीक्षक राहुल रावत एवं इसकी पुलिस गैंग द्वारा की जा रही है
जहां पत्रकारों को उनके परिचय पत्र लगाकर लोकड़ाउन के दौरान समाचार कवरेज करने की तथा घटित घटनाओं के फोटो आदि लेने की छूट मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री प्रदेश के जिला कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक द्वारा दी गई है वही दूसरी ओर राहुल रावत पत्रकारों को रोककर उनसे दुर्व्यवहार कर रहा है इस संबंध में पूर्व में भी पत्रकारों द्वारा राहुल रावत व इस की पुलिस गैंग के द्वारा पत्रकारों एवं नागरिकों के साथ किए जा रहे दुर्व्यवहार की शिकायतें तत्कालीन पुलिस अधीक्षक एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अमरेंद्र सिंह को पत्रकारों ने सूचना दी है किंतु जिला पुलिस अधीक्षक सचिन अतुलकर का उज्जैन से स्थानांतरण होते ही उप निरीक्षक राहुल रावत जो अपने आप को महिदपुर थाने का टीआई से कम नहीं समझता है के द्वारा राज एक्सप्रेस के पत्रकार यश असावरा को आज दिनांक 8 मई को सायं 6:30 बजे के लगभग रोक कर मुजरिमों की तरह दुर्व्यवहार किया गया
स्मरण रहे पुलिस थाना महिदपुर के तमाम नाजायज कृत्यो का राहुल रावत एक जीता जागता प्रमाण है दो-दो बार इसको सस्पेंड होने के बाद भी वापस यह यहीं पर वर्षों से कुंडली मारकर टिका हुआ है झूठे मुकदमे व फर्जी अपराधी तैयार कर उनसे वसूली करने मैं इसको महारत हासिल है
इसकी पदस्थी बताया जा रहा है कि खाचरोद तहसील में इनके इसी तरह के कारनामों के कारण कर दी गई इसके बावजूद भी न जाने क्यों किस के आशीर्वाद से महिदपुर थाना इसको मुक्त नहीं किया जा रहा है जिसके कारण उप निरीक्षक रावत के हौसले बुलंदी पर हैं और यह खाकी वर्दी को इस प्रकार की हिना हरकतों से दागदार करने में लगा हुआ है
इससे पहले की जनता वह पत्रकार संगठन इसके विरुद्ध हटाने हेतु कोई आंदोलन छेड़े उसके पूर्व नवागत पुलिस अधीक्षक श्री मनोज सिंह तत्काल उप निरीक्षक राहुल रावत को हटाकर टी आई शंकर सिंह चौहान को फ्री हैंड करें